भूपेश ने दिए निर्देश, अधिकारी ‘मैनेज’ करने के बजाय समस्याओं का स्थाई निराकरण करें

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रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि आम जनता की समस्याओं का निराकरण उनकी सरकार की पहली प्राथमिकता है। समस्याओं को ढकने या उसे मैनेज करने के बजाय समस्याओं का स्थाई हल निकालने पर अधिकारी जोर दें। श्री बघेल ने मंगलवार को रायपुर के नवीन विश्रामगृह के सभागार में पहली कलेक्टर कॉन्फ्रेंस में यह बात कहीं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आम नागरिकों को अपनी छोटी-छोटी समस्याओं के निराकरण के लिए भटकना ना पड़े। तहसील स्तर की समस्या का निराकरण तहसीलदार स्तर पर, थाना स्तर की समस्या थाना स्तर पर और जिला स्तर की समस्या का निराकरण जिला स्तर पर होना चाहिए। नामांतरण, बटवारा, सीमांकन, बिजली कनेक्शन लेने जैसी स्थानीय स्तर पर निराकृत होने वाली की समस्या के हल के लिए नागरिकों को राजधानी तक भटकने की जरूरत नही पड़नी चाहिए। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा कि मुझे अपने अधिकारियों पूरा भरोसा और मुझे जनहित में सरकारी अमले से काम लेना भी आता है।

डीएमएफ की राशि शिक्षा और स्वास्थ्य पर खर्च हो
मुख्यमंत्री ने जिला खनिज न्यास निधि (डीएमएफ फंड) की राशि का इस्तेमाल खनन प्रभावित क्षेत्र में निवास करने वाले आदिवासी एवं ग्रामीणों की शिक्षा, स्वास्थ्य एवं जीवन स्तर के सुधार के लिए करने पर जोर दिया और कहा कि इस राशि का उपयोग वहां के नागरिकों के उत्थान और विकास में लगाना चाहिए। अगर इस फंड का उपयोग प्रभावित क्षेत्रों में स्कूलों में अच्छे शिक्षकों की व्यवस्था करने, अस्पतालों में डॉक्टरों की नियुक्ति करने, पशुओं के जीवनरक्षा या संवर्धन के लिए किया जाता है तो उसका स्वागत है।
गौठानों के लिए छायादार जगह चिन्हांकित करें
मुख्यमंत्री ने सभी ग्राम पंचायतों और गांवों में गौठानों के लिए छायादार बड़ी जगह चिन्हांकित करने के निर्देश दिए, जो पशुधन के लिए डे केयर सेन्टर की तरह कार्य करें। आज हमारे मवेशी पशुधन है लेकिन आज सुव्यस्थित प्रबंधन तथा फसलों को चरने के कारण लोगों को ये बोझ लगने लगे है, उनके सड़कों में बैठने से दुर्घटना हो रही है। यह राज्य की सबसे बड़ी समस्या में से एक है। छत्तीसगढ़ की मवेशी भले दुध कम देते हो लेकिन उनमें बीमारियों से लड़ने की अधिक ताकत है और उनका गोबर भी बेहद उपयोगी है। हर कलेक्टर पशुधन संर्वधन के लिए गौठान के माध्यम से कार्ययोजना बनाएं।

अपराध पर नियंत्रण करने के निर्देश दिए
मुख्यमंत्री ने जुआ, सट्टा, अवैध शराब, कोयला की तस्करी पर लागाम लगाने के लिए पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिए। उन्होंने छत्तीसगढ़ लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत समय सीमा में सेवाएं प्रदान करने कहा। बैठक में मुख्य सचिव सुनील कुजूर, पुलिस महानिदेशक डी.एम. अवस्थी, अपर मुख्य सचिव अमिताभ जैन, के.डी.पी. राव, आर.पी. मंडल, सी.के. खेतान, मुख्यमंत्री के सचिव गौरव द्विवेदी सहित विभिन्न विभागों के प्रमुख सचिव, सचिव, कमिश्नर, पुलिस महानिरीक्षक, कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक उपस्थित थे।