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IAS अनुष्का शर्मा

IPS प्रशांत राज की पत्नी IAS अनुष्का शर्मा की भी प्रतापगढ़ में पोस्टिंग

IAS अनुष्का शर्मा 2023 को प्रतापगढ़ का संयुक्त मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया। वे विवाह आधार पर महाराष्ट्र से यूपी कैडर में आईं और अब पति संग जिले में तैनात होंगी।
  • महाराष्ट्र से यूपी कैडर आईं IAS अनुष्का शर्मा बनीं प्रतापगढ़ की नई संयुक्त मजिस्ट्रेट
  • पति IPS प्रशांत राज पहले से ASP/CO City पद पर तैनात

प्रतापगढ़, 28 नवंबर 2025। वर्ष 2023 बैच की युवा IAS अधिकारी अनुष्का शर्मा को प्रतापगढ़ का संयुक्त मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति शासन द्वारा हाल ही में जारी की गई तबादला सूची के तहत हुई है। अनुष्का शर्मा मूल रूप से महाराष्ट्र कैडर की थीं, लेकिन वे विवाह के आधार (Marriage Ground) पर उत्तर प्रदेश कैडर में स्थानांतरित होकर आई हैं। इस परिवर्तन के साथ ही अब वे अपने पति के साथ एक ही जिले में सेवा देंगी।

अनुष्का शर्मा ने UPSC परीक्षा में 2023 में शानदार सफलता हासिल करने के बाद प्रशासनिक सेवा जॉइन की थी। प्रशिक्षण के दौरान ही उनकी कार्यकुशलता, संवेदनशीलता और जमीनी समझ को लेकर उनकी चर्चा रही। उनकी छवि एक सख्त लेकिन जन–हितैषी अधिकारी की मानी जाती है। प्रतापगढ़ जैसे महत्वपूर्ण और चुनौतीपूर्ण जिले में संयुक्त मजिस्ट्रेट की जिम्मेदारी मिलना उनके करियर का महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है।

दिलचस्प बात यह है कि अनुष्का शर्मा के पति IPS प्रशांत राज (2023 बैच) पहले से ही प्रतापगढ़ में ASP/CO City पद पर तैनात हैं। पति–पत्नी का एक ही जिले में पदस्थ होना प्रशासनिक समन्वय को और भी बेहतर बनाएगा। आमतौर पर ऐसी स्थितियों में निर्णय–प्रक्रिया तेज होती है और फील्ड लेवल पर भी दोनों अधिकारियों की मौजूदगी प्रशासन की दक्षता बढ़ाती है।

जिला प्रशासन में भी दोनों अधिकारियों की नियुक्ति को लेकर सकारात्मक वातावरण है। अधिकारियों का मानना है कि संयुक्त मजिस्ट्रेट के रूप में अनुष्का शर्मा के आने से कानून–व्यवस्था, विकास कार्यों की निगरानी और जनसुनवाई की प्रक्रियाएं और अधिक सशक्त होंगी। वहीं ASP प्रशांत राज पहले से ही पुलिस विभाग में अपनी सक्रियता, त्वरित कार्रवाई और बेहतर फील्ड रिपोर्टिंग के लिए जाने जाते हैं।

स्थानीय नागरिक भी इस जोड़ी से उम्मीद लगाए हुए हैं। लोगों का कहना है कि पढ़े–लिखे और ऊर्जावान अफसरों के आने से जिले में पारदर्शिता, जवाबदेही और सुशासन की गति तेज होगी। आने वाले दिनों में दोनों अधिकारियों की भूमिका प्रतापगढ़ के संपूर्ण प्रशासनिक तंत्र को नई दिशा देने में अहम साबित हो सकती है।