प्रतापगढ़, 8 जनवरी 2026। मिलेनियम स्टार बिग बी यानि अमिताभ बच्चन का पैतृक गांव बाबूपट्टी एक बार फिर चर्चा में है। यह गांव अमिताभ बच्चन के पिता बाबू हरिवंश राय बच्चन की जन्मस्थली है। उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले में यह गांव स्थित है। जिस दौर में बाबू हरिवंश राय बच्चन पैदा हुए थे उस दौर में यह गांव तत्कालीन इलाहाबाद जिले के सोरांव परगना के अंतर्गत आता था।
कालांतर में हरिवंश राय बच्चन परिवार के साथ इलाहाबाद में रहने लगे। उनके बाद की नई पीढ़ी ने बाबूपट्टी गांव का नाम बिसार दिया। गांव में बाबू हरिवंश राय बच्चन की स्मृतियां जीवंत रहे इसके लिए तत्कालीन सांसद सीएन सिंह ने यहां सांसद निधि से लाइब्रेरी का निर्माण कराया था। वर्ष 2006 में सीएन सिंह के प्रयासों से सांसद अमर सिंह गांव में बाबू हरिवंश राय बच्चन की बहू जया बच्चन को लेकर आये थे और इस लाइब्रेरी का शुभारंभ कराया था।
तब से 20 साल का लंबा दौर गुजर गया। इस लंबी अवधि में परिस्थितियां भी काल की गति के अनुसार बदल गयीं। अब न तो सीएन सिंह रहे और न ही अमर सिंह। बाबूपट्टी गांव में बाबू हरिवंश राय बच्चन की याद में बनी लाइब्रेरी का भवन भी जीर्ण-शीर्ण हो चुका है। स्थानीय प्रशासन ने सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए लाइब्रेरी के इस जीर्ण-शीर्ण भवन को डिस्मेंटल कराने का प्रस्ताव रखा है।
इन सब के बीच सुखद खबर यह है कि जिला पंचायत राज विभाग ने यहां उसी स्थान पर बाबू हरिवंश राय बच्चन की याद में एक अत्याधुनिक लाइब्रेरी का निर्माण कराये जाने का प्रस्ताव स्वीकृत किया है। इस संबंध में डीपीआरओ ने लोक निर्माण विभाग को पत्र भी लिखा है। पंचायत राज विभाग की इस नेक पहल से उम्मीद जगी है कि इस गांव में बच्चन परिवार की स्मृतियां जीवंत रहेंगी।
यह लाइब्रेरी नई पीढ़ी के लिए ज्ञान का केंद्र बनेगी। यहां डिजिटल सुविधाओं के साथ किताबें उपलब्ध होंगी। बताया जा रहा है कि इसमें बाबू हरिवंश राय बच्चन की प्रमुख रचनाओं ‘मधुशाला’, ‘अग्निपथ’ आदि को विशेष स्थान दिया जाएगा। साथ ही, डिजिटल लाइब्रेरी, ई-बुक्स, कंप्यूटर और इंटरनेट सुविधा उपलब्ध होगी।













