गौरा (प्रतापगढ़), 4 जुलाई 2025। उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले में संचारी रोग नियंत्रण अभियान 2025 की शुरुआत हो चुकी है। शुक्रवार को गौरा ब्लाक के सभागार में अधीक्षक डॉ. अजय कुमार सिंह ने आशा कार्यकर्ताओं के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक में बीएमसी नरेंद्र कुमार मिश्र और बीपीएम नितिन शर्मा ने आशा कार्यकर्ताओं को 1 से 31 जुलाई तक चलने वाले इस अभियान में उनकी भूमिका के बारे में विस्तार से बताया।
यह अभियान जलजनित और मौसमी बीमारियों जैसे डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया और डायरिया पर प्रभावी नियंत्रण के लिए प्रतिवर्ष शासन द्वारा संचालित किया जाता है। बैठक में आशा कार्यकर्ताओं को घर-घर जाकर स्वास्थ्य सर्वे करने, संदिग्ध मरीजों की पहचान करने और स्वच्छता के प्रति जागरूकता फैलाने के निर्देश दिए गए। डॉ. अजय कुमार सिंह ने कहा कि आशा कार्यकर्ताएं इस अभियान की रीढ़ हैं, जो ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को जन-जन तक पहुंचाती हैं।
बीएमसी नरेंद्र कुमार मिश्र ने आशाओं को जलभराव रोकने, मच्छरों के प्रजनन स्थलों की जांच करने और लोगों को साफ-सफाई के महत्व के बारे में जागरूक करने की सलाह दी। बीपीएम नितिन शर्मा ने बताया कि अभियान के तहत कूलर, गमले और टायर जैसे मच्छरों के पनपने वाले स्थानों की नियमित जांच होगी। आशा कार्यकर्ताओं को मेडिकल किट वितरित की गईं, ताकि वे संदिग्ध मरीजों की प्रारंभिक जांच और उपचार में सहायता कर सकें।
जिलाधिकारी के निर्देश पर यह अभियान पूरे जिले में युद्धस्तर पर चलाया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग, पंचायती राज और शिक्षा विभाग मिलकर स्वच्छता और जागरूकता गतिविधियों को बढ़ावा दे रहे हैं। इस अभियान से प्रतापगढ़ में संचारी रोगों पर प्रभावी नियंत्रण की उम्मीद है।