नई दिल्ली, 4 अक्टूबर 2025। भारत और ब्रिटेन क्वांटम कंप्यूटिंग के क्षेत्र में मिलकर काम करेंगे। दोनों देश इस क्षेत्र में एक दूसरे का सहयोग करेंगे। मुंबई में मंगलवार 7 अक्टूबर से फिनटेक फेस्ट 2025 का आयोजन होने जा रहा है। इस आयोजन में भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर भी शामिल होंगे।
अगले सप्ताह ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर भारत के दौरे पर आ रहे हैं। अपनी इस यात्रा में स्टार्मर मुंबई पहुंचेंगे, जहां वे पीएम मोदी के साथ फिनटेक फेस्ट 2025 में शामिल होंगे। भारत ब्रिटेन में अब तकनीक के क्षेत्र में भी तेजी से सहयोग बढ़ रहा है। इसी के तहत दोनों देश अब क्वांटम कंप्यूटिंग के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाएंगे। इंपीरियल कॉलेज लंदन और भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) बॉम्बे के बीच क्वांटम कंप्यूटिंग और जैव प्रौद्योगिकी का इस्तेमाल करके किसानों को जलवायु परिवर्तन के प्रति अधिक प्रतिरोधी फसलें उगाने में मदद करने हेतु एक शोध सहयोग हो रहा है। भारत-ब्रिटेन के बीच यह क्वांटम कंप्यूटिंग सहयोग का एक प्रमुख क्षेत्र बनकर उभरा है।
यह परियोजना भारत-ब्रिटेन प्रौद्योगिकी सुरक्षा पहल (टीएसआई) का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य मिट्टी में सूक्ष्मजीवों की मात्रा को बढ़ाना और जलवायु परिवर्तन को देखते हुए सूखे तथा जलवायु-संवेदनशील क्षेत्रों में फसलों की पैदावार बढ़ाना है। भारत और ब्रिटेन के बीच पिछले साल टीएसआई समझौते पर हस्ताक्षर हुए थे।
7 अक्टूबर 2025 को मुंबई में शुरू होने वाले ग्लोबल फिनटेक फेस्ट (जीएफएफ) 2025 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कीर स्टार्मर की बातचीत के एजेंडे में टीएसआई पर भी चर्चा होगी। इंपीरियल कॉलेज लंदन के अध्यक्ष, प्रोफेसर ह्यूग ब्रैडी भी कीर स्टार्मर के प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा हैं।
















