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प्रतापगढ़ में महिला शिक्षक संघ ने वार्षिक अधिवेशन में भरी हुंकार

प्रतापगढ़ में महिला शिक्षक संघ ने वार्षिक अधिवेशन में भरी हुंकार

प्रतापगढ़, 26 दिसंबर 2025। उत्तर प्रदेश महिला शिक्षक संघ, प्रतापगढ़ का वार्षिक अधिवेशन जिले में उत्साह और संगठनात्मक एकजुटता के साथ आयोजित किया गया। अधिवेशन में जिले के सभी 18 ब्लॉकों से अध्यक्ष, महामंत्री तथा जिला स्तरीय पदाधिकारियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिला शिक्षिकाओं को संगठित करना, संगठन को और अधिक सशक्त बनाना तथा विद्यालयों में सकारात्मक, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण शैक्षिक वातावरण विकसित करने के लिए सामूहिक संकल्प लेना रहा।

अधिवेशन की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष स्नेह कुमारी शुक्ला ने की। अपने संबोधन में उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि किसी भी महिला शिक्षिका के खिलाफ होने वाले अत्याचार, शोषण या अन्याय को किसी भी परिस्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। संगठन प्रत्येक महिला शिक्षिका के साथ मजबूती से खड़ा रहेगा और उन्हें न्याय दिलाने के लिए हर संभव प्रयास करेगा। उन्होंने कहा कि महिला शिक्षक संघ केवल एक संगठन नहीं, बल्कि शिक्षिकाओं के सम्मान, सुरक्षा और अधिकारों की आवाज है।

कार्यक्रम की मुख्य अतिथि बेसिक शिक्षा विभाग की डीसी समेकित शिक्षा शालिनी मिश्रा ने महिला शिक्षक संघ की भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा कि महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में जिला अध्यक्ष स्नेह कुमारी शुक्ला द्वारा जिले के सभी ब्लॉकों में संगठनात्मक ढांचा खड़ा करना एक सराहनीय पहल है। इससे महिला शिक्षिकाओं को अपनी बात रखने, समस्याएं साझा करने और समाधान प्राप्त करने के लिए एक सशक्त और सम्मानित मंच मिला है। उन्होंने कहा कि जब महिलाएं संगठित होती हैं, तब समाज और शिक्षा व्यवस्था दोनों मजबूत होते हैं।

विशिष्ट अतिथि गौरा ब्लॉक की प्रधानाध्यापिका डॉ. रेखा मिश्रा ने महिला शिक्षिकाओं से आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में शिक्षिकाओं की भूमिका केवल पढ़ाने तक सीमित नहीं है, बल्कि वे भावी पीढ़ी के संस्कार निर्माण में भी अहम योगदान देती हैं। ऐसे में उनका सुरक्षित और सम्मानजनक कार्य वातावरण अत्यंत आवश्यक है।

अधिवेशन में संगठनात्मक मजबूती, सदस्यता विस्तार, महिला शिक्षिकाओं की समस्याओं के समाधान, विद्यालयों में शैक्षिक गुणवत्ता सुधार और छात्राओं के सर्वांगीण विकास जैसे विषयों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित पदाधिकारियों ने आपसी सहयोग और एकता बनाए रखने का संकल्प लिया।

इस अवसर पर रितु खंडेलवाल, गीता सरोज, शालिनी पांडेय सहित अनेक महिला शिक्षिकाएं और पदाधिकारी मौजूद रहीं। अंत में संगठन को और अधिक प्रभावी बनाने तथा महिला शिक्षिकाओं के हित में निरंतर कार्य करने का संकल्प लेते हुए अधिवेशन का समापन किया गया।