रायपुर, 27 अगस्त 2026। श्रीमद्भागवतगीता में सेवा को मनुष्य जीवन का सर्वोच्च कर्तव्य और आध्यात्मिक उन्नति का मुख्य मार्ग बताया गया है। सेवा केवल दूसरों की मदद करना ही नहीं है, बल्कि यह आध्यात्मिक विकास का भी एक अवसर है। निस्वार्थ सेवा के माध्यम से हम विनम्रता, करुणा और कृतज्ञता की भावना विकसित कर सकते हैं।
यह विचार मातृभूमि सेवा मिशन धर्मक्षेत्र कुरुक्षेत्र के संस्थापक डॉ. श्रीप्रकाश मिश्र ने मातृभूमि सेवा मिशन की रायपुर इकाई के शुभारंभ अवसर पर आयोजित गीता सेवा संवाद कार्यक्रम में रायपुरा स्थित मां एड एजेंसी के परिसर में बतौर अतिथि व्यक्त किए। कार्यक्रम में पहुंचने पर मातृभूमि सेवा मिशन के संस्थापक डॉ. श्रीप्रकाश मिश्र का आयोजक मंडल द्वारा फूल मालाओं से दिव्य एवं भव्य स्वागत किया गया।
गीता सेवा संवाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मातृभूमि सेवा मिशन धर्मक्षेत्र कुरुक्षेत्र के संस्थापक डॉ. श्रीप्रकाश मिश्र ने कहा
श्रीमद्भगवद्गीता को दिव्य संवाद ग्रंथ भी कहते हैं।
श्रीमदभगवदगीता अर्जुन की जिज्ञासा और भगवान श्री कृष्ण के उत्तर से उपजा जीवात्मा और परमात्मा का अद्भुत संवाद इसमें समाया है। ऐसा संवाद जो मनुष्य मात्र के हृदय में उठते प्रश्नों पर आधारित है और इन सबका समाधान परक उत्तर स्वयं भगवान श्री कृष्ण देते हैं। इसलिए यह पवित्र ज्ञान से भरा ग्रंथ है।
डॉ. श्रीप्रकाश मिश्र ने कहा निस्वार्थ भाव से दूसरों की मदद करना और समाज की भलाई के लिए कार्य करना ही सच्ची सेवा है, जिसका मनुष्य के आध्यात्मिक, मानसिक और सामाजिक विकास में अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है। गीता का सबसे बड़ा संदेश यह है कि मनुष्य को अपने अधिकार क्षेत्र के अनुसार कर्तव्य और समाज की सेवा करनी चाहिए, किंतु उसके फल की अपेक्षा नहीं रखनी चाहिए।
श्रीमद्भगवद्गीता एक जीवन शास्त्र है। श्रीमद्भगवद्गीता हमें जीवन जीने की कला सिखाती है। देश, काल भाषा, संप्रदाय एवं क्षेत्र से न बंधी हुई सार्वजनीन, सर्वकालिक, कालजयी गीतरूपी इस कृति ने संपूर्ण मानव जाति के लिए जीवन एवं कर्म सूत्र प्रदान किए।
गीता सेवा संवाद कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए समाजसेवी एवं व्यवसायी नीरज शर्मा ने कहा मातृभूमि सेवा मिशन धर्मक्षेत्र कुरुक्षेत्र की रायपुर इकाई के माध्यम से समाज के असहाय एवं जरुराममंदो बच्चों सर्वांगीण विकास के लिए विभिन्न सामाजिक गतिविधियों का संचालन होगा। मिशन द्वारा समय समय पर अनेक लोकमंगल के कार्य संपन्न होगे।
कार्यक्रम के अतिविशिष्ट अतिथि एवं मध्यप्रदेश इकाई के संयोजक अशोक शर्मा ने कहा मातृभूमि सेवा मिशन के समस्त मानवता को समर्थित सेवा कार्य गीता के निष्काम कर्मयोग को समर्पित है। आभार ज्ञापन रायपुर इकाई के संयोजक एवं शिक्षाविद अरुण शर्मा ने किया। कार्यक्रम में संदीप सिंह सिकरवार, हेमंत जोशी, प्रदीप शर्मा सहित अनेक गणमान्य जन उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन शांतिपाठ से हुआ।
