गौरा (प्रतापगढ़), 01 मार्च 2026। रंगों के त्योहार होली की आहट के साथ ही स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों को सुरक्षित और सेहतमंद तरीके से पर्व मनाने की सलाह दी है। सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र गौरा के अधीक्षक डॉ. अजय कुमार सिंह ने क्षेत्रवासियों से अपील की है कि वे खुशियों के इस उत्सव में लापरवाही न बरतें, क्योंकि थोड़ी सी असावधानी त्वचा, आंखों और फेफड़ों के लिए भारी पड़ सकती है।
केमिकल रंगों से रखें दूरी
डॉ. अजय कुमार सिंह ने चिकित्सकीय दृष्टिकोण साझा करते हुए बताया कि बाजार में मिलने वाले चटक रंगों में भारी धातुएं और हानिकारक केमिकल्स होते हैं। उन्होंने कहा, होली का असली रंग खुशियों और प्रेम में है, न कि घातक केमिकल रंगों में। जितना संभव हो सके प्राकृतिक और हर्बल रंगों का ही प्रयोग करें। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि त्वचा पर लाल चकत्ते, खुजली या सूजन जैसी समस्या महसूस हो, तो उसे नजरअंदाज न करें। प्रभावित हिस्से को तुरंत साफ पानी से धोएं और बिना देरी किए नजदीकी चिकित्सक से संपर्क करें।
आंखों और संवेदनशील अंगों की सुरक्षा
आंखों के बचाव पर जोर देते हुए अधीक्षक ने कहा कि रंग खेलते समय आंखों में गुलाल या पानी चला जाना सामान्य है, लेकिन लोग अक्सर घबराकर आंखों को रगड़ देते हैं। उन्होंने सलाह दी कि ऐसी स्थिति में आंखों को बिल्कुल न रगड़ें, बल्कि ठंडे और साफ पानी के छींटे मारें। यदि जलन कम न हो, तो तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पहुंचें। इसके साथ ही उन्होंने बालों की सुरक्षा के लिए होली खेलने से पहले तेल लगाने की भी सलाह दी।
खान-पान में संतुलन और नशे से परहेज
होली का समय मौसम के बदलाव का होता है, जब न पूरी ठंड होती है और न ही पूरी गर्मी। इस दौरान संक्रमण का खतरा अधिक रहता है। डॉ. सिंह ने खान-पान पर प्रकाश डालते हुए कहा कि होली पर गुजिया, दही-भल्ले और ठंडाई का आनंद जरूर लें, लेकिन संतुलन का ध्यान रखें। अत्यधिक तैलीय और मीठे पकवान पाचन तंत्र को बिगाड़ सकते हैं।
सबसे महत्वपूर्ण निर्देश देते हुए उन्होंने नशे और शराब के सेवन से दूर रहने की सख्त हिदायत दी। उन्होंने कहा कि त्योहार भाईचारे का प्रतीक है और नशा न केवल स्वास्थ्य खराब करता है, बल्कि दुर्घटनाओं का कारण भी बनता है।
सीएचसी गौरा अलर्ट मोड पर
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ने आगामी त्योहार को देखते हुए आपातकालीन व्यवस्थाएं दुरुस्त कर ली हैं। डॉ. सिंह ने आश्वस्त किया कि किसी भी अप्रिय स्थिति या स्वास्थ्य संबंधी समस्या के लिए स्वास्थ्य केंद्र की टीम मुस्तैद रहेगी। उन्होंने क्षेत्रवासियों को संदेश दिया कि यदि हम सावधानी बरतें और संतुलित जीवनशैली अपनाएं, तो होली का त्योहार पूरी तरह सुरक्षित और आनंददायक बन सकता है।















