डीएम आजमगढ़ की बदसलूकी से प्रतापगढ़ में भी भड़के इंजीनियर्स, बर्खास्तगी की उठाई मांग

प्रतापगढ़, 18 जून 2025। आजमगढ़ के जिलाधिकारी रविंद्र कुमार (द्वितीय) द्वारा सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता अरुण सचदेव के साथ बदसलूकी और जानलेवा हमले के विरोध में प्रतापगढ़ में भी इंजीनियर्स एसोसिएशन ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है।

बुधवार 18 जून को संगठन ने मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन जिला प्रशासन के प्रतिनिधि के माध्यम से सौंपा, जिसमें डीएम की तत्काल बर्खास्तगी की मांग की गई। इस घटना ने पूरे प्रदेश के अभियंताओं में आक्रोश पैदा कर दिया है।

सिंचाई खंड, प्रतापगढ़ में आयोजित बैठक में इंजीनियर्स एसोसिएशन के वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश के अभियंता पूर्ण निष्ठा और लगन के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हैं, लेकिन उनके उत्पीड़न और पद की गरिमा को ठेस पहुंचाने की घटनाएं बढ़ रही हैं।

13 जून को डीएम आजमगढ़ ने अधिशासी अभियंता अरुण सचदेव को अपने आवास पर बुलाकर गाली-गलौज की और डंडे से हमला कर जान से मारने की कोशिश की। इस घटना की निंदा करते हुए संगठन ने इसे अभियंताओं के सम्मान पर हमला करार दिया।

बैठक में अधिशासी अभियंता आशुतोष सारस्वत, ओपी चौरसिया, एसडीओ मनीष केसरवानी, जेई रविशंकर सिंह, अजय कुमार, सुजीत राय, अर्जन नारायण सिंह, रमेश मौर्य, इमरान खान, धीरेंद्र सहित अन्य अभियंताओं ने हिस्सा लिया। वक्ताओं ने कहा कि ऐसी घटनाएं अभियंताओं के मनोबल को तोड़ने वाली हैं और प्रशासन को तत्काल कारर्वाई करनी चाहिए। संगठन ने डीएम को भारतीय प्रशासनिक सेवा से बर्खास्त करने की मांग के साथ तीन सूत्रीय ज्ञापन सौंपा।

ज्ञापन में अभियंताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने, दोषियों के खिलाफ सख्त कारर्वाई करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की गई। इंजीनियर्स एसोसिएशन ने चेतावनी दी कि यदि मांगें पूरी न हुईं तो प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू किया जाएगा। इस घटना ने प्रशासनिक अधिकारियों और तकनीकी कमिर्यों के बीच तनाव को उजागर कर दिया है, और अभियंताओं ने एकजुट होकर अपने सम्मान की रक्षा का संकल्प लिया है।