भुवनेश्वर, 6 सितंबर 2026। जेवियर इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट, भुवनेश्वर (XIMB) में दो दिवसीय बिजनेस एक्सीलेंस समिट (BES) 2026 के आठवें संस्करण की शुरुआत हुई। आयोजन में उद्योग जगत के दिग्गजों, शिक्षकों, छात्रों और पूर्व छात्रों ने भाग लेकर कारोबारी लचीलेपन, जोखिम प्रबंधन, तकनीक, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) और सतत विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया। खास बात यह है कि समिट में शामिल सभी 14 प्रतिष्ठित वक्ता XIMB के पूर्व छात्र हैं।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और डॉ. बिस्वा स्वरूप मिश्रा के उद्घाटन संबोधन से हुई। इसके बाद डॉ. फादर के.एस. कैसिमिर, एसजे ने विषयगत संबोधन में मजबूत और लचीले संगठनों के निर्माण में खुलेपन, सहयोग और मानवीय क्षमता की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।
मुख्य वक्तव्य सत्र में ट्रस्ट म्युच्युअल फंड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी संदीप बागला ने संगठनात्मक लचीलेपन के छह प्रमुख स्तंभों पर चर्चा की। उन्होंने 4ए फ्रेमवर्क यानि एंटीसिपेट, एबसॉर्ब, एडाप्ट और एक्सीलरेट प्रस्तुत करते हुए बदलते कारोबारी माहौल में जोखिमों का पूर्वानुमान लगाने, संकट को संभालने, परिस्थितियों के अनुरूप बदलाव करने और विकास की गति बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने एआई की परिवर्तनकारी क्षमता के साथ जवाबदेही, मजबूत डिजिटल बुनियादी ढांचे और जिम्मेदार नेतृत्व को भी जरूरी बताया।
समिट के परिचर्चा सत्र लीडरशिप और टेक्नोलाजी विषयों पर केंद्रित रहे। इनमें श्रीनिवास बराटम, जयदीप चक्रवर्ती, सुशांत द्विवेदी, बिवास मिश्रा, गौरव चावला और जयती द्विवेदी सहित उद्योग विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया। वक्ताओं ने तकनीकी बदलाव और एआई को अपनाने के साथ मानवीय निगरानी बनाए रखने, प्रभावी नेतृत्व, सुशासन और अनुकूलनशीलता के जरिए दीर्घकालिक एवं सतत कारोबारी मूल्य तैयार करने पर विचार रखे।
छात्रों ने भी संवाद में सक्रिय भागीदारी निभाई। उन्होंने एआई के बढ़ते इस्तेमाल, रोजगार पर इसके संभावित प्रभाव, नवाचार, उद्यमिता, नैतिकता, अनुसंधान एवं विकास तथा अनिश्चित कारोबारी परिस्थितियों में नेतृत्व से जुड़े सवाल वक्ताओं के सामने रखे।
प्रश्नोत्तर सत्रों ने छात्रों को उद्योग जगत के विशेषज्ञों से सीधे संवाद का अवसर दिया। समिट ने शैक्षणिक ज्ञान और उद्योग जगत के व्यावहारिक अनुभव के बीच सेतु मजबूत करते हुए भविष्य के लिए अनुकूलनशील, जिम्मेदार और लचीले संगठनों के निर्माण पर सार्थक चर्चा का मंच प्रदान किया।
