Highlights
- सार्वजनिक व निजी क्षेत्र उद्यमों, रेजिडेन्ट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA), अधिवक्ता संगठनों, नागरिक सुरक्षा संगठन, श्रमिक एवं व्यापारिक संगठन एवं चिकित्सा संगठनों के सहयोग से चिन्हित किये जायेंगे पात्र मतदाता
- वर्तमान एवं पूर्व ग्राम प्रधानों, पार्षदों, समाजसेवियों तथा प्रतिष्ठित नागरिकों का भी लिया जायेगा सहयोग
लखनऊ, 07 नवम्बर 2026। विधानसभा निर्वाचक नामावलियों के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण-2027 के अंतर्गत प्रदेश के सभी पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में शत-प्रतिशत सम्मिलित कराने की मुहिम को अधिक से अधिक जनसहभागी बनाने के उद्देश्य से विभिन्न शासकीय विभागों के साथ-साथ सामाजिक, व्यावसायिक एवं गैर सरकारी संगठनों का भी सहयोग लिये जाने के संबंध में समस्त जिला निर्वाचन अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
जनपदों में स्थित सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों (PSEs), निजी क्षेत्र के औद्योगिक संस्थान, रेजिडेन्ट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA), जिला एवं तहसील बार एसोसिएशन, अधिवक्ता संगठन, नागरिक सुरक्षा संगठन, श्रमिक संगठन, व्यापारिक संगठन, चिकित्सा संघ एवं मेडिकल एसोसिएशन के साथ समन्वय स्थापित कर पात्र नागरिकों के नाम मतदाता सूची में पंजीकृत कराये जाने के निर्देश निर्गत किए गए हैं।
सार्वजनिक उपक्रमों एवं औद्योगिक प्रतिष्ठानों में कार्यरत पात्र कार्मिकों का नाम मतदाता सूची में शामिल कराने के लिए कार्यस्थलों पर विशेष शिविर लगाए जाएंगे। आवासीय सोसाइटी, बहुमंजिला अपार्टमेंट एवं कॉलोनियों में RWA के सहयोग से नए निवासियों, प्रथम बार मतदाता बनने वाले युवाओं तथा मतदाता सूची में नाम दर्ज न करा पाने वाले पात्र नागरिकों का पंजीकरण कराया जाएगा।
इसी प्रकार नागरिक सुरक्षा संगठनों के स्वयंसेवकों के सहयोग से नगरीय क्षेत्रों, घनी आबादी वाले मोहल्लों एवं मलिन बस्तियों में छूटे हुए पात्र नागरिकों को चिह्नित किया जाएगा। श्रमिक संगठनों के माध्यम से कारखानों, औद्योगिक क्षेत्रों एवं निर्माण स्थलों पर संगठित असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों, संविदा एवं दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों का पंजीकरण कराया जाएगा।
व्यापारिक संगठनों के साथ बैठक कर उन्हें मतदाता जागरूकता एवं पंजीकरण हेतु सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया जाएगा। वहीं, इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA), निजी चिकित्सालयों, नर्सिंग होम एवं चिकित्सा संस्थानों के सहयोग से उनके परिसरों में शिविर आयोजित करने के साथ मलिन बस्तियों एवं दूरस्थ क्षेत्रों में जागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएंगे।
क्षेत्रीय जन प्रतिनिधियों को अपने क्षेत्र में आवासित नागरिकों के संबंध में अच्छी जानकारी होती है। अतः पात्र नागरिकों को मतदाता सूची में जोड़ने हेतु वर्तमान एवं पूर्व ग्राम प्रधानों, पार्षदों का भी सहयोग लिये जाने के निर्देश दिये गये हैं।
इसी प्रकार समाजसेवियों, वरिष्ठ प्रतिष्ठित नागरिकों का भी सहयोग लेकर ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में मतदाता सूची से छूटे हुए पात्र नागरिकों की पहचान कर उन्हें पंजीकरण के लिए प्रेरित किया जाएगा।
सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि संबंधित संगठनों एवं संस्थाओं के पदाधिकारियों के साथ प्रभावी समन्वय स्थापित करते हुए विशेष अभियान दिवसों एवं अन्य उपयुक्त अवसरों पर पंजीकरण शिविरों का आयोजन कराया जाए।

